जयपुर, 24 मई 2026: राजस्थान में भीषण लू ने जनजीवन को अस्त-व्यस्त कर रखा है। IMD के नवीनतम पूर्वानुमान के अनुसार राज्य में 24 मई से 28 मई के बीच गंभीर हीटवेव की स्थिति बनी रहेगी। पश्चिमी राजस्थान के शहरों — फलोदी, बीकानेर, जैसलमेर, बाड़मेर में दिन का तापमान 47°C के पार पहुँच चुका है। IMD ने स्पष्ट किया है कि अगले 5 दिनों तक राहत की कोई उम्मीद नहीं है।
आज और अगले 5 दिन — मुख्य बिंदु
- तिथि: 24-28 मई (पाँच दिनों का गंभीर हीटवेव दौर)
- तापमान शीर्ष: 47°C+ पश्चिमी राजस्थान में
- रात का तापमान: 32-34°C — सामान्य से बहुत अधिक
- IMD अलर्ट: राज्य के अधिकांश हिस्सों के लिए रेड अलर्ट
- राहत की संभावना: 29 मई के बाद ही उम्मीद

सर्वाधिक प्रभावित ज़िले
पश्चिमी राजस्थान — सबसे गंभीर
- फलोदी: देश के सबसे गर्म स्थानों में — तापमान 47.2°C तक पहुँचा
- बीकानेर: लगातार लू, 46-47°C
- जैसलमेर: थार रेगिस्तान, सबसे शुष्क हवाएँ
- बाड़मेर, चूरू: गंभीर हीटवेव
- जोधपुर: 45-46°C
उत्तरी राजस्थान
- गंगानगर, हनुमानगढ़ — तेज़ गर्म पश्चिमी हवाएँ
मध्य और पूर्वी राजस्थान
- जयपुर: 44-45°C
- अजमेर, अलवर, भरतपुर: 44-46°C
- कोटा, बूंदी, सवाई माधोपुर: 44-45°C
क्यों इतनी लंबी हीटवेव?
- पश्चिम से आती शुष्क और गर्म हवाएँ
- एंटी-साइक्लोनिक सर्कुलेशन ने मौसम को स्थिर रखा
- मानसून केरल में आ चुका है पर उत्तर पश्चिम भारत तक पहुँचने में अभी 3-4 हफ़्ते
- नमी का प्रवाह राजस्थान तक देर से पहुँचेगा
स्वास्थ्य पर असर
राज्य के अस्पतालों में हीटस्ट्रोक के मरीज़ों की संख्या बढ़ रही है। डॉक्टरों के अनुसार लक्षण:
- तेज़ बुख़ार (104°F से अधिक)
- बेहोशी, चक्कर आना
- उलटी और पेट दर्द
- शरीर लाल और गर्म, पसीना न आना
- तेज़ नब्ज़ और साँस
ऐसे लक्षणों पर तुरंत व्यक्ति को छाँव में ले जाएँ, गीले कपड़े से पोंछें, और अस्पताल पहुँचाएँ।

आम लोगों के लिए — आवश्यक सावधानियाँ
- पानी पिएँ: हर 30 मिनट में थोड़ा पानी; नींबू-पानी, ORS, छाछ
- घर के अंदर रहें: सुबह 11 से शाम 4 बजे तक
- बाहर निकलें तो: छाता, टोपी, सूती कपड़े
- भोजन: हल्का, ताज़ा, तरल पदार्थ अधिक
- बच्चे, बुज़ुर्ग, गर्भवती: घर से कम निकलें
- मज़दूर: पानी, छाया और दोपहर का ब्रेक ज़रूरी
- पशु: छाँव और पानी की व्यवस्था ज़रूर रखें
राज्य सरकार की तैयारियाँ
- अस्पतालों में हीटस्ट्रोक यूनिट
- शहरी इलाक़ों में पानी की आपूर्ति की निगरानी
- आँगनवाड़ी और स्कूलों में बच्चों की सुरक्षा
- निर्माण-स्थलों पर दोपहर के समय काम बंद करने के निर्देश
- आपातकालीन एम्बुलेंस सेवा हाई अलर्ट पर
(समाचार स्रोत: IMD, business-standard.com, indiatvnews.com, sundayguardianlive.com)