प्रदेश में विद्युत सेवाओं को पारदर्शी बनाने के लिए सीएसपीडीसीएल ने ई-केवाईसी प्रक्रिया को जरूरी बना दिया है।
जिन उपभोक्ताओं के बिल और आधार कार्ड के विवरणों में भिन्नता है उनके समाधान के लिए अब साप्ताहिक शिविर आयोजित होंगे।
विभाग ने स्पष्ट किया है कि भविष्य में निर्बाध सेवाओं और सब्सिडी के लिए आधार प्रमाणीकरण की प्रक्रिया पूर्ण करना अत्यंत आवश्यक है।वर्तमान व्यवस्था के अनुसार, अधिकांश उपभोक्ता अपने मोबाइल फोन के माध्यम से घर बैठे ही 'मोर बिजली ऐप' का उपयोग कर ई-केवाईसी की प्रक्रिया को सफलतापूर्वक पूर्ण कर रहे हैं।
यह ऐप उपभोक्ताओं के लिए एक सुलभ माध्यम साबित हुआ है, जहां चंद मिनटों में आधार नंबर और ओटीपी के जरिए सत्यापन किया जा सकता है।
इसके अतिरिक्त, जो उपभोक्ता तकनीकी रूप से स्वयं यह कार्य करने में सक्षम नहीं हैं, उनके लिए बिजली कार्यालयों में विशेष काउंटरों की व्यवस्था की गई है।