छत्तीसगढ़ राज्य विद्युत नियामक आयोग (CSERC) ने बिजली बिलों पर लगने वाले विलंब भुगतान सरचार्ज (Late Payment Surcharge - LPS) को लेकर एक नई व्यवस्था लागू की है।
इस कदम से राज्य के लाखों बिजली उपभोक्ताओं को बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है।
नई प्रणाली का उद्देश्य उपभोक्ताओं पर वित्तीय बोझ को कम करना और भुगतान प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी तथा न्यायसंगत बनाना है।
यह परिवर्तन ऐसे समय में आया है जब पूरे देश में बिजली उपभोक्ताओं के अधिकारों और सुविधाओं को बेहतर बनाने पर जोर दिया जा रहा है।Photo: Monstera Production / Pexelsपहले की व्यवस्था में, यदि कोई उपभोक्ता निर्धारित तिथि तक अपना बिजली बिल जमा नहीं कर पाता था, तो उसे एक निश्चित दर से विलंब भुगतान सरचार्ज देना पड़ता था।
यह सरचार्ज कई बार काफी अधिक हो जाता था, जिससे विशेषकर निम्न आय वर्ग के उपभोक्ताओं के लिए अतिरिक्त वित्तीय दबाव उत्पन्न होता था।