Chhattisgarh

धुएं के चुभते अंधेरे से स्वाभिमान की रोशनी तक

📰 VG Khabar

शारदा बाई के जीवन को रोशन कर रही उज्ज्वला योजना ​ रायपुर, 23 सितंबर 2026 रसोई के धुएं से लाल होती आंखें, चूल्हा फूंकते-फूंकते घुटती सांसें और रोजाना जंगल-बाजार से लकड़ी व उपले जुटाने की थका देने वाली जद्दोजहद...

सारंगढ़ के रंजर पारा की रहने वाली श्रीमती शारदा बाई सारथी का जीवन लंबे समय तक इन्हीं मुश्किलों के बीच गुजरता रहा। लेकिन आज उनकी रसोई का नजारा पूरी तरह बदल चुका है।

प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना से मिले एलपीजी गैस कनेक्शन ने न केवल उनके घर की रसोई से जहरीला धुआं बेदखल किया है, बल्कि उनके जीवन में सुविधा, सेहत और समय की बचत की एक नई सुबह भी लाई है।

*​पारंपरिक चूल्हे का दर्द और संघर्ष की डगर* अनुसूचित जाति वर्ग से ताल्लुक रखने वाली शारदा बाई का चार सदस्यों का परिवार आजीविका के लिए मुख्य रूप से खेती पर निर्भर है।

सीमित संसाधनों में परिवार के लिए समय पर खाना बनाना आसान नहीं था। पारंपरिक चूल्हे पर खाना पकाते समय उठने वाला धुआं आंखों और फेफड़ों के लिए लगातार खतरा बना रहता था।

धुएं के चुभते अंधेरे से स्वाभिमान की रोशनी तक

↑ पूरी खबर पढ़ें
पूरी खबर पढ़ें