बलौदाबाजार। छत्तीसगढ़ के बलौदाबाजार जिले में शुक्रवार सुबह उस समय अफरा-तफरी मच गई जब जिला मुख्यालय स्थित तहसील कार्यालय परिसर में अचानक भीषण आग लग गई। आग की लपटें तेजी से फैलने लगीं और कुछ ही देर में परिसर के कई हिस्सों को अपनी चपेट में ले लिया। घटना की जानकारी मिलते ही प्रशासन, दमकल विभाग और स्थानीय अधिकारी तुरंत मौके पर पहुंचे और राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया।
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार आग सुबह करीब 5 से 5:30 बजे के बीच लगी। आग तहसील परिसर में स्थित एक पुरानी इमारत से शुरू होकर धीरे-धीरे तहसीलदार कार्यालय की ओर बढ़ने लगी, जिससे पूरे क्षेत्र में हड़कंप की स्थिति बन गई।
तेजी से फैलती लपटों ने बढ़ाई चिंता
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार सुबह के समय जब स्थानीय लोगों ने तहसील कार्यालय की ओर से धुआं और आग की लपटें उठती देखीं तो तुरंत इसकी सूचना प्रशासन और दमकल विभाग को दी गई। कुछ ही समय में आग ने तेज रूप ले लिया और परिसर के कई हिस्सों में फैलने लगी।
हालांकि सुबह का समय होने के कारण कार्यालय में कर्मचारियों की संख्या कम थी, जिससे किसी प्रकार की जनहानि की सूचना नहीं मिली। लेकिन आग की तीव्रता को देखते हुए स्थिति गंभीर बन गई थी। प्रशासन ने तत्काल पूरे परिसर को खाली कराकर सुरक्षा घेरा बना दिया।
सबसे पहले बचाए गए सरकारी रिकॉर्ड
घटना की सूचना मिलते ही अधिकारियों और कर्मचारियों ने सबसे पहले तहसील कार्यालय के रिकॉर्ड रूम को सुरक्षित करने की कोशिश की। कर्मचारियों और स्थानीय लोगों की मदद से महत्वपूर्ण दस्तावेज और राजस्व रिकॉर्ड बाहर निकालने का काम तेजी से किया गया।
प्रशासन की त्वरित कार्रवाई के कारण अधिकांश महत्वपूर्ण दस्तावेज और रिकॉर्ड सुरक्षित बचा लिए गए। अधिकारियों ने बताया कि रिकॉर्ड रूम को समय रहते खाली करा लिया गया था, जिससे किसी भी महत्वपूर्ण सरकारी अभिलेख को नुकसान नहीं पहुंचा।
दमकल की कई गाड़ियों ने पाया आग पर काबू
आग की सूचना मिलते ही नगर पालिका और प्रशासन के दमकल वाहन मौके पर पहुंचे और आग बुझाने का काम शुरू किया। आग की तीव्रता को देखते हुए आसपास के औद्योगिक क्षेत्रों और सीमेंट संयंत्रों से भी अतिरिक्त दमकल वाहन बुलाए गए।
दमकल कर्मियों ने कई घंटों की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। हालांकि तब तक कार्यालय के कुछ हिस्सों का फर्नीचर और अन्य सामान जलकर नष्ट हो चुका था। राहत की बात यह रही कि किसी भी व्यक्ति के घायल होने या जनहानि की खबर नहीं मिली।
आग लगने के कारणों की जांच शुरू
फिलहाल आग लगने के कारणों का स्पष्ट पता नहीं चल पाया है। प्रशासन ने घटना की जांच के आदेश दे दिए हैं। अधिकारियों के अनुसार प्रारंभिक तौर पर यह आग पुरानी इमारत की ओर से शुरू होने की आशंका जताई जा रही है, लेकिन वास्तविक कारणों का पता जांच के बाद ही चल सकेगा।
प्रशासन ने कहा है कि घटना से जुड़े सभी पहलुओं की जांच की जाएगी और यदि किसी प्रकार की लापरवाही सामने आती है तो संबंधित लोगों के खिलाफ कार्रवाई भी की जाएगी।
सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा होगी
इस घटना के बाद प्रशासन ने सरकारी कार्यालयों में अग्नि सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा करने का निर्णय लिया है। अधिकारियों का कहना है कि भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए सभी सरकारी भवनों में फायर सेफ्टी सिस्टम को मजबूत किया जाएगा।
साथ ही पुराने भवनों की सुरक्षा और रखरखाव को लेकर भी विशेष योजना तैयार करने पर विचार किया जा रहा है, ताकि सरकारी दस्तावेज और संपत्ति सुरक्षित रह सकें।
प्रशासन की तत्परता से टला बड़ा नुकसान
हालांकि आग ने तहसील कार्यालय के कुछ हिस्सों को नुकसान पहुंचाया, लेकिन प्रशासन की त्वरित कार्रवाई और दमकल विभाग के प्रयासों से एक बड़ा हादसा टल गया। समय रहते रिकॉर्ड और दस्तावेजों को सुरक्षित निकाल लेने से राजस्व विभाग के महत्वपूर्ण अभिलेख सुरक्षित बच गए।
घटना के बाद स्थानीय लोगों ने भी प्रशासन और दमकल कर्मियों की तत्परता की सराहना की।