22 मार्च को चार श्रेणियों में आयोजन, विजेताओं को कुल 25 लाख रुपये के पुरस्कार
जगदलपुर, छत्तीसगढ़:
बस्तर की सांस्कृतिक विरासत और प्राकृतिक सौंदर्य को राष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाने के उद्देश्य से ‘बस्तर हेरिटेज मैराथन’ का आयोजन 22 मार्च को किया जा रहा है। इस विशेष मैराथन में एथलीट लाल बाग से लेकर प्रसिद्ध चित्रकोट जलप्रपात तक दौड़ेंगे। आयोजन को लेकर प्रशासन और खेल विभाग ने तैयारियां तेज कर दी हैं, और इसे प्रदेश के सबसे बड़े खेल आयोजनों में से एक माना जा रहा है।
चार श्रेणियों में होगी मैराथन
मैराथन को चार अलग-अलग श्रेणियों में आयोजित किया जाएगा, ताकि हर आयु वर्ग और क्षमता के प्रतिभागी इसमें हिस्सा ले सकें। इसमें फुल मैराथन, हाफ मैराथन, 10 किलोमीटर और 5 किलोमीटर रन शामिल हैं। आयोजकों का उद्देश्य अधिक से अधिक लोगों को फिटनेस और खेल गतिविधियों से जोड़ना है।
इन श्रेणियों में प्रोफेशनल एथलीट्स के साथ-साथ स्थानीय युवा, छात्र और फिटनेस प्रेमी भी भाग ले सकेंगे। पंजीयन प्रक्रिया पहले ही शुरू हो चुकी है और बड़ी संख्या में प्रतिभागियों के जुड़ने की उम्मीद है।
25 लाख रुपये तक के आकर्षक पुरस्कार
इस आयोजन की खास बात यह है कि इसमें विजेताओं के लिए कुल 25 लाख रुपये के पुरस्कार निर्धारित किए गए हैं। अलग-अलग श्रेणियों में प्रथम, द्वितीय और तृतीय स्थान पर आने वाले प्रतिभागियों को नकद पुरस्कार और सम्मान दिया जाएगा।
प्रशासन का मानना है कि इस तरह के बड़े पुरस्कार न केवल प्रतिभागियों को प्रोत्साहित करेंगे, बल्कि राज्य में खेल संस्कृति को भी मजबूत करेंगे।
पर्यटन को मिलेगा बढ़ावा
बस्तर हेरिटेज मैराथन केवल एक खेल आयोजन नहीं, बल्कि पर्यटन को बढ़ावा देने की दिशा में भी एक महत्वपूर्ण कदम है। लाल बाग से चित्रकोट जलप्रपात तक का मार्ग बस्तर के खूबसूरत जंगलों, पहाड़ियों और ग्रामीण जीवन की झलक दिखाता है।
चित्रकोट जलप्रपात, जिसे ‘भारत का नियाग्रा’ भी कहा जाता है, इस मैराथन का अंतिम पड़ाव होगा। इससे देशभर के प्रतिभागियों और पर्यटकों को बस्तर की प्राकृतिक सुंदरता से रूबरू होने का अवसर मिलेगा।
सुरक्षा और व्यवस्थाओं पर विशेष ध्यान
आयोजन को सफल बनाने के लिए प्रशासन ने सुरक्षा और व्यवस्थाओं पर विशेष ध्यान दिया है। पूरे रूट पर मेडिकल टीम, एंबुलेंस, पानी और रिफ्रेशमेंट की व्यवस्था की जाएगी। इसके अलावा, पुलिस बल की तैनाती भी सुनिश्चित की जाएगी ताकि प्रतिभागियों को किसी प्रकार की असुविधा न हो।
आयोजकों ने बताया कि प्रतिभागियों की सुविधा के लिए मार्ग पर संकेतक बोर्ड और सहायता केंद्र भी स्थापित किए जाएंगे।
स्थानीय प्रतिभाओं को मिलेगा मंच
इस मैराथन के माध्यम से बस्तर के स्थानीय युवाओं को अपनी प्रतिभा दिखाने का अवसर मिलेगा। खेल विभाग का मानना है कि ऐसे आयोजनों से ग्रामीण और आदिवासी क्षेत्रों के खिलाड़ी आगे आएंगे और राष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान बना सकेंगे।
स्कूल और कॉलेज के छात्रों में भी इस आयोजन को लेकर उत्साह देखा जा रहा है। कई संस्थानों ने अपने विद्यार्थियों को इसमें भाग लेने के लिए प्रोत्साहित किया है।
स्वास्थ्य और फिटनेस का संदेश
बस्तर हेरिटेज मैराथन का एक प्रमुख उद्देश्य लोगों में स्वास्थ्य और फिटनेस के प्रति जागरूकता फैलाना भी है। आज के समय में बढ़ती जीवनशैली संबंधी बीमारियों को देखते हुए ऐसे आयोजन लोगों को सक्रिय जीवनशैली अपनाने के लिए प्रेरित करते हैं।
विशेषज्ञों का मानना है कि नियमित दौड़ और व्यायाम से शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य बेहतर होता है।
निष्कर्ष
‘बस्तर हेरिटेज मैराथन’ न केवल एक खेल प्रतियोगिता है, बल्कि यह बस्तर की संस्कृति, पर्यटन और युवाओं की ऊर्जा को एक मंच पर लाने का प्रयास है। 22 मार्च को होने वाला यह आयोजन निश्चित रूप से राज्य और देशभर के एथलीट्स के लिए एक यादगार अनुभव साबित होगा।