अक्षय कुमार और निर्देशक प्रियदर्शन की जोड़ी से दर्शकों को हमेशा बड़ी उम्मीदें रहती हैं, खासकर जब बात हॉरर-कॉमेडी की हो।
लेकिन नई फिल्म ‘भूत बंगला’ इन उम्मीदों पर खरी उतरती नजर नहीं आती।
‘भूल भुलैया’ जैसी सफलता के बाद दर्शकों को एक बार फिर वैसी ही एंटरटेनमेंट की उम्मीद थी, लेकिन फिल्म कहानी, डर और कॉमेडी—तीनों मोर्चों पर कमजोर साबित होती है।
कहानी में नजर आया अधूरापन फिल्म की कहानी एक पुराने हवेलीनुमा बंगले के इर्द-गिर्द घूमती है, जहां कुछ रहस्यमयी घटनाएं होती हैं।
हालांकि शुरुआत दिलचस्प लगती है, लेकिन जैसे-जैसे कहानी आगे बढ़ती है, वह कमजोर और बिखरी हुई नजर आती है।