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केरल मानसून में बड़ी देरी: 26 मई की डेडलाइन चूक गई, अब 2-4 जून के बीच आगमन की संभावना — El Niño का असर बताया जा रहा

केरल में मानसून 2026 में देरी — 26 मई की डेडलाइन चूकी, अब कब आएगा मानसून? IMD की नई तारीख और पूर्वानुमान। केरल मानसून का ताज़ा अपडेट यहां।

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Author: Jagraj Published: 26 May 2026, 5:20 PM Updated: 26 May 2026, 5:20 PM Views: 71
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तिरुवनंतपुरम, 26 मई 2026: केरल में दक्षिण-पश्चिम मानसून के आगमन की कहानी में एक बड़ा मोड़ आया है। भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने पहले मानसून के 26 मई को केरल पहुँचने का पूर्वानुमान दिया था, लेकिन यह डेडलाइन चूक गई है। नवीनतम आकलन के अनुसार अब मानसून 2 से 4 जून के बीच केरल पहुँच सकता है — सामान्य 1 जून की तिथि से 1-3 दिन बाद और IMD के पहले पूर्वानुमान से पूरे एक हफ़्ते बाद। कुछ रिपोर्ट्स में 5-10 जून तक का समय भी बताया गया है।

क्या हुआ — मानसून देरी की कहानी

  • पहले IMD अनुमान: 26 मई (सामान्य से 6 दिन पहले)
  • वास्तविक स्थिति: 26 मई की डेडलाइन चूक गई
  • नया अनुमान: 2-4 जून (सामान्य 1 जून से 1-3 दिन बाद)
  • कुछ विश्लेषण: 5-10 जून तक भी देरी संभव
  • कारण: कमज़ोर हवाएँ और El Niño का प्रभाव

केरल में बारिश और ताड़ के पेड़

देरी के पीछे क्या कारण?

मौसम विशेषज्ञों के अनुसार कई कारक एक साथ मानसून को धीमा कर रहे हैं:

  • El Niño का असर: प्रशांत महासागर का यह जलवायु पैटर्न दक्षिण एशिया के मानसून को कमज़ोर कर रहा है
  • कमज़ोर क्रॉस-इक्वेटोरियल हवाएँ: हिंद महासागर से नमी का प्रवाह उतना तेज़ नहीं
  • एंटी-साइक्लोनिक प्रभाव: उत्तर भारत के ऊपर सूखी हवाओं का दबाव बना हुआ
  • अरब सागर पर सिस्टम की कमज़ोरी: निम्न दबाव क्षेत्र कमज़ोर पड़ गया

अंडमान-निकोबार और लक्षद्वीप — पहले से सक्रिय

हालाँकि, मानसून का अंडमान-निकोबार में आगमन 16 मई को ही हो गया था (IMD के अनुमान से 6 दिन पहले)। और लक्षद्वीप में भी मानसून-पूर्व बारिश सक्रिय है। केरल में अभी छिटपुट बारिश हो रही है लेकिन इसे आधिकारिक मानसून नहीं माना गया।

IMD का 26-29 मई का पूर्वानुमान

मानसून देरी के बावजूद IMD के अनुसार:

  • केरल, माहे और लक्षद्वीप में 26-29 मई को हल्की से मध्यम बारिश, गरज, बिजली और तेज़ हवाओं की संभावना
  • तमिलनाडु, आंतरिक कर्नाटक, उत्तर आंतरिक कर्नाटक, तेलंगाना, रायलसीमा, तटीय आंध्र प्रदेश में अलग-थलग हल्की से मध्यम बारिश
  • पूर्वोत्तर भारत: 6-7 दिन भारी से अति-भारी बारिश की संभावना

भारत में मानसूनी मौसम और बादल

अन्य राज्यों में मानसून का अनुमान

  • तमिलनाडु: 1-6 जून के बीच
  • कर्नाटक: 1-5 जून के बीच
  • उत्तर भारत (दिल्ली, हरियाणा, पंजाब, UP): 20-30 जून के बीच
  • राजस्थान: जून के अंत/जुलाई की शुरुआत

क्या प्रभाव पड़ेगा?

  • कृषि: ख़रीफ़ की बुवाई कुछ देर से होगी — किसानों को थोड़ा इंतज़ार
  • जलाशय: गर्मी के अंतिम दिनों में पानी का स्तर और गिर सकता है
  • उत्तर भारत: भीषण लू से राहत में देरी
  • अर्थव्यवस्था: मानसून का कुल वितरण ज़रूरी है — सिर्फ़ आगमन की तिथि नहीं

विशेषज्ञों की राय

मौसम विशेषज्ञों के अनुसार, मानसून के आगमन की तिथि से ज़्यादा महत्वपूर्ण इसका स्थानिक वितरण और कुल बारिश है। 2026 की कुल मानसून बारिश सामान्य के क़रीब रहने का अनुमान है, लेकिन El Niño का असर अभी भी निगरानी में है। आने वाले हफ़्तों में स्थिति स्पष्ट होगी।

(समाचार स्रोत: IMD, businesstoday.in, theweek.in, pingtvindia.com)

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Staff Reporter at VG Khabar.

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