भोपाल, 30 मई 2026: मध्य प्रदेश के लोगों के लिए राहत भरी ख़बर है। IMD के अनुसार राज्य के पश्चिमी हिस्सों में आज 30 मई से 1 जून तक हल्की-मध्यम बारिश, गरज और ओलावृष्टि की संभावना है। नौतपा की तीव्र गर्मी से राहत मिलने वाली है। राजधानी भोपाल में तापमान 35°C तक रहने का अनुमान है — पिछले हफ़्ते के 44°C+ की तुलना में बड़ी गिरावट।
मुख्य बातें — आज का अपडेट
- अलर्ट अवधि: 30 मई से 1 जून तक
- मौसम: आँधी, बारिश, गरज, ओलावृष्टि
- भोपाल तापमान: 35°C — नौतपा से बड़ी राहत
- क्षेत्र: पश्चिमी MP पर सबसे ज़्यादा असर
- कारण: पश्चिमी विक्षोभ + नमी भरी हवाएँ
राज्य के विभिन्न क्षेत्र — मौसम का हाल
पश्चिमी MP (मालवा-निमाड़)
- इंदौर: बादल, गरज के साथ बारिश — 33-36°C
- उज्जैन: मध्यम बारिश और ओलावृष्टि का अलर्ट
- देवास, धार: गरज के साथ बौछारें
- खंडवा, खरगोन: हल्की-मध्यम बारिश
- रतलाम, मंदसौर: आँधी और बौछारें
मध्य MP
- भोपाल: छिटपुट बौछारें, 35°C, 31% आर्द्रता
- सीहोर, राजगढ़: गरज के साथ बारिश
- विदिशा, रायसेन: हल्की बारिश
पूर्वी MP (बघेलखंड)
- जबलपुर: बादल, हल्की बारिश संभव
- सतना, रीवा: गरज के साथ बौछारें
- सीधी, सिंगरौली: मध्यम बारिश
- शहडोल, अनूपपुर: मध्यम-तेज़ बारिश
उत्तर MP (ग्वालियर-चंबल)
- ग्वालियर: गर्म, हल्की राहत — 37-39°C
- मुरैना, भिंड: आँधी और बौछारें
- शिवपुरी, गुना: मध्यम बारिश
दक्षिण MP (महाकौशल)
- छिंदवाड़ा, बैतूल: गरज के साथ बारिश
- सिवनी, बालाघाट: मध्यम बारिश
भारतीय गाँव में मानसून बारिशनौतपा से राहत — बड़ी ख़बर
पिछले 9 दिनों से MP नौतपा की भीषण गर्मी की चपेट में था। भोपाल, इंदौर, उज्जैन में पारा 44-46°C तक पहुँच गया था। अब पश्चिमी विक्षोभ और नमी भरी पूर्वी हवाओं के मिलन से 5-8°C तापमान गिरावट देखने को मिलेगी। यह राहत 1 जून तक बनी रहने की संभावना है।
ओलावृष्टि का ख़तरा
उज्जैन, देवास, इंदौर, धार ज़िलों में IMD ने ओलावृष्टि का विशेष अलर्ट जारी किया है। आँधी 50-70 किमी/घंटे की रफ़्तार से चल सकती है। आम लोगों और किसानों को विशेष सतर्क रहने की सलाह है।
भारतीय ग्रामीण क्षेत्र में बादलमानसून की प्रगति
केरल में मानसून 2-4 जून को पहुँचेगा। मध्य प्रदेश में मानसून सामान्यतः 15-20 जून के बीच पहुँचता है। तब तक पश्चिमी विक्षोभ और पूर्व-मानसून बारिश ही चलेगी।
आम लोगों और किसानों के लिए सलाह
- खेत में रखी कटी फ़सल को तुरंत ढक दें या सुरक्षित स्थान पर रखें
- तेज़ आँधी-बिजली के समय खुले में न रहें
- घर के बाहर रखे हल्के सामान को अंदर ले लें
- आम-अमरूद के बाग़ानों पर ओलों से नुक़सान संभव — किसान सतर्क रहें
- पशुओं को खुले में न छोड़ें
- निचले इलाक़ों में जल भराव की संभावना
- आपातकालीन: 1077 (आपदा), 112 (आपातकाल)
(समाचार स्रोत: IMD भोपाल, freepressjournal, india.com)