कोलकाता में एक निर्माणाधीन गोदाम ढह जाने से एक बड़ा हादसा हो गया है, जिसमें अब तक पांच लोगों की मौत की पुष्टि हुई है। यह घटना शहर के एक व्यस्त इलाके में हुई, जिससे आसपास अफरा-तफरी मच गई। आशंका जताई जा रही है कि मलबे के नीचे अभी भी 40 से अधिक लोग दबे हो सकते हैं, जिससे मरने वालों की संख्या बढ़ने की आशंका है।
Photo: Doruk Aksel Anıl / Pexelsस्थानीय प्रशासन और आपदा प्रबंधन दल तत्काल मौके पर पहुंचे और बचाव अभियान शुरू किया। प्रारंभिक रिपोर्टों के अनुसार, बचाव दल ने अब तक 14 लोगों को मलबे से सुरक्षित बाहर निकाल लिया है। इन घायलों को तत्काल चिकित्सा सहायता के लिए नजदीकी अस्पतालों में भर्ती कराया गया है।
घटना की गंभीरता को देखते हुए, भारतीय सेना को भी बचाव कार्य में शामिल किया गया है। सेना के जवान, विशेष उपकरणों के साथ, मलबे को हटाने और फंसे हुए लोगों तक पहुंचने के लिए अथक प्रयास कर रहे हैं। रात भर बचाव अभियान जारी रहने की उम्मीद है, क्योंकि हर मिनट कीमती है।
प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि गोदाम का ढांचा अचानक ढह गया, जिससे धूल और मलबे का एक बड़ा गुबार छा गया। घटना के कारणों की जांच शुरू कर दी गई है, हालांकि प्रारंभिक तौर पर निर्माण में खामियों को एक संभावित कारण माना जा रहा है। अधिकारियों ने विस्तृत जांच का आश्वासन दिया है।
मुख्यमंत्री ने घटना पर गहरा दुख व्यक्त किया है और मृतकों के परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त की है। उन्होंने घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना की और प्रभावितों को हर संभव सहायता प्रदान करने का निर्देश दिया है। राहत और बचाव कार्यों की व्यक्तिगत रूप से निगरानी की जा रही है।
इस दुखद घटना ने एक बार फिर शहरी क्षेत्रों में निर्माणाधीन ढांचों की सुरक्षा मानकों पर सवाल खड़े कर दिए हैं। प्रशासन ने भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए सख्त कदम उठाने की बात कही है।